कलयुगी बेटे की खौफनाक साजिश: माता-पिता की हत्या कर रची गुमशुदगी की झूठी कहानी, सच सामने आया तो सन्न रह गए लोग

उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले से सामने आई यह घटना इंसानियत को झकझोर देने वाली है। जिस बेटे को माता-पिता ने जन्म दिया, पाला-पोसा और बड़ा किया, उसी बेटे ने उनकी निर्ममता से हत्या कर दी और फिर खुद को बचाने के लिए ऐसा झूठा नाटक रचा कि सुनकर हर कोई हैरान रह गया।

गांव में मचा हड़कंप

यह सनसनीखेज मामला जफराबाद थाना क्षेत्र के अहमदपुर गांव का है। गांव में उस समय हड़कंप मच गया, जब यह खुलासा हुआ कि एक युवक ने अपने ही माता-पिता को सिल-बट्टे से कूंचकर मार डाला और फिर उनके शव गोमती नदी में फेंक दिए

गुमशुदगी का झूठा नाटक

मामले को और भी चौंकाने वाला बनाने वाली बात यह है कि—

  • हत्या करने के बाद

  • आरोपी बेटे ने खुद ही

  • करीब पांच दिन पहले थाने में अपने माता-पिता की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई

इसका मकसद साफ था—
👉 पुलिस को गुमराह करना
👉 खुद को मासूम साबित करना
👉 और शक से बाहर रहना

शुरुआत में पुलिस ने भी मामले को सामान्य गुमशुदगी मानकर जांच शुरू की।

बेटी की शिकायत से खुला राज

लेकिन कहानी में मोड़ तब आया, जब मृतक दंपती की बेटी ने पुलिस को तहरीर दी

  • उसने अपने भाई की भूमिका पर शक जताया

  • कुछ ऐसे तथ्य बताए, जो गुमशुदगी की कहानी से मेल नहीं खाते थे

इसके बाद पुलिस ने मामले की गहन जांच शुरू की।

जांच में टूटा झूठ का जाल

पुलिस की पूछताछ और साक्ष्यों के आधार पर धीरे-धीरे

  • बेटे की कहानी में विरोधाभास सामने आने लगे

  • उसके बयान बदलते रहे

  • घटनाक्रम की कड़ियां उसी की ओर इशारा करने लगीं

कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी टूट गया और उसने माता-पिता की हत्या की बात कबूल कर ली

सिल-बट्टे से की थी हत्या

पुलिस जांच में सामने आया कि—

  • बेटे ने घरेलू विवाद के चलते

  • पहले अपने माता-पिता पर हमला किया

  • सिल-बट्टे से दोनों को बेरहमी से कूंचकर मार डाला

हत्या के बाद

  • सबूत मिटाने के इरादे से

  • दोनों शवों को गोमती नदी में फेंक दिया

शवों की तलाश जारी

फिलहाल पुलिस

  • आरोपी की निशानदेही पर

  • गोमती नदी से दोनों शवों की बरामदगी के प्रयास में जुटी हुई है

साथ ही

  • हत्या की वजह

  • पारिवारिक विवाद

  • मानसिक स्थिति
    जैसे पहलुओं की भी गहराई से जांच की जा रही है।

गांव और इलाके में दहशत

इस खुलासे के बाद

  • गांव में मातम और सन्नाटा पसरा है

  • लोग यह सोचकर सिहर उठे हैं कि
    कोई बेटा इतना निर्दयी कैसे हो सकता है

निष्कर्ष

यह मामला सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि

  • रिश्तों के टूटने

  • लालच और गुस्से की हद

  • और इंसानियत के पतन की दर्दनाक मिसाल है।

पुलिस का कहना है कि मामले में सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी, ताकि ऐसा जघन्य अपराध करने वालों को कड़ा संदेश दिया जा सके।


मैं विवेक शर्मा, समाजसेवी एवं आरटीआई एक्टिविस्ट, आप सभी के समक्ष “पब्लिक की बात” एक स्वतंत्र डिजिटल न्यूज़ मंच, जो आम जनता की आवाज़ को मजबूती और ईमानदारी के साथ सामने लाने के लिए प्रतिबद्ध है।

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