हैदराबादः साइबराबाद पुलिस आयुक्तालय के मेडचल पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) एन कोटि रेड्डी ने मंगलवार को मासिक अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की। सत्र का समापन जवाबदेही, सक्रिय पुलिसिंग और मामलों के समय पर निपटान पर जोर देने के साथ हुआ। डीसीपी ने सभी अधिकारियों को जांच की गुणवत्ता और नागरिक सेवाओं के वितरण को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। डीसीपी ने 2023 से पहले और 2024 की पहली छमाही के दौरान दर्ज किए गए मामलों सहित गंभीर और गैर गंभीर दोनों तरह के ’जांच के तहत’ (यूआई) मामलों की विस्तृत समीक्षा की। इन मामलों, विशेष रूप से आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) द्वारा संभाले गए मामलों और केस डायरी (सीडी) फाइलों के वितरण की प्रगति का गहन मूल्यांकन किया गया।
(यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण) मामलों, अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति मामलों, मजिस्ट्रियल मामलों पोस्टमार्टम जांच रिपोर्ट और फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी रिपोर्टों की लंबितता की समीक्षा की गई। डीसीपी ने इन महत्वपूर्ण क्षेत्रों में प्रभावी जांच के लिए त्वरित फाइलिंग और घनिष्ठ समन्वय पर जोर दिया। इसके अतिरिक्त, संपत्ति का पता लगाने, वसूली दर और दोषसिद्धि ट्रैकिंग में प्रत्येक पुलिस स्टेशन के प्रदर्शन का मूल्यांकन किया गया। वर्ष 2024 और 2025 के लिए ‘राउडी शीटर्स’ पर निगरानी और संदिग्ध शीट्स के अपडेट पर भी चर्चा की गई। अधिकारियों को सीसीटीएनएस (क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम) अपडेट में सटीकता और स्थिरता बनाए रखने और किसी भी डेटा भिन्नता को सुधारने के निर्देश दिए गए।
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