ऋषभ पंत बने इस अनचाहे क्लब का हिस्सा, विराट कोहली-सुनील गावस्कर का नाम भी लिस्ट में

इंग्लैंड के खिलाफ पहले टेस्ट मैच में टीम इंडिया को 5 विकेट से हार का सामना करना पड़ा। यह मुकाबला हेडिंग्ले लीड्स में खेला गया था। इस मैच में टीम इंडिया के बल्लेबाजों ने जबरदस्त प्रदर्शन किया, लेकिन गेंदबाजों का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा, जिस वजह से टीम को करारी शिकस्त मिली। इस मुकाबले में टीम इंडिया के विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत ने दोनों पारियों में शतक जड़ा, फिर भी भारतीय टीम को हार का मुंह देखना पड़ा। दो शतक लगाने के बाद भी उनका नाम एक अनचाहे क्लब में शामिल हो गया है।

विराट कोहली और सुनील गावस्कर का नाम भी इस लिस्ट में है शामिल
ऋषभ पंत चौथे ऐसे भारतीय बल्लेबाज बन गए हैं जिन्होंने एक टेस्ट मैच की दोनों पारियों में शतक लगाया लेकिन उस मुकाबले में टीम इंडिया को हार का सामना करना पड़ा। इससे पहले विराट कोहली, सुनील गावस्कर और विजय हजारे के साथ भी ऐसा हो चुका है। विराट ने 2014 में एडिलेड में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दोनों पारियों में शतक जड़ा था, लेकिन वहां भारतीय टीम को हार का मुंह देखना पड़ा था। 1978 में सुनील गावस्कर ने कराची में पाकिस्तान के खिलाफ दोनों पारियों में शतक लगाया था और टीम इंडिया मैच हार गई थी। 1948 में विजय हजारे ने एडिलेड में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दोनों पारियों में शतक लगाया था लेकिन टीम को वहां करारी शिकस्त मिली थी।

लीड्स टेस्ट मैच में टीम इंडिया की तरफ से लगे पांच शतक
इंग्लैंड के खिलाफ लीड्स में खेले गए पहले टेस्ट मैच की बात करें तो इस मुकाबले में भारतीय खिलाड़ियों ने कुल 5 शतक लगाए। पहली पारी में यशस्वी जायसवाल (101), कप्तान शुभमन गिल (147) और उपकप्तान ऋषभ पंत (134) ने शतक जड़ा। दूसरी पारी में केएल राहुल ने 247 गेंदों में 137 रन बनाए। वहीं ऋषभ पंत ने 140 गेंदों में 118 रनों की बेहतरीन पारी खेली। दोनों पारियों को मिलाकर टीम इंडिया के बल्लेबाजों ने कुल 835 रन बनाए, फिर भी भारतीय टीम इस मैच में जीत दर्ज नहीं कर पाई।


मैं विवेक शर्मा, समाजसेवी एवं आरटीआई एक्टिविस्ट, आप सभी के समक्ष “पब्लिक की बात” एक स्वतंत्र डिजिटल न्यूज़ मंच, जो आम जनता की आवाज़ को मजबूती और ईमानदारी के साथ सामने लाने के लिए प्रतिबद्ध है।

पब्लिक की बात का उद्देश्य केवल समाचार देना नहीं, बल्कि लोकतंत्र में जनता की भागीदारी को सशक्त करना है। हम राजनीति, प्रशासन, भ्रष्टाचार, सामाजिक सरोकारों और ज़मीनी सच्चाइयों से जुड़ी खबरों को निष्पक्ष, तथ्यपरक और निर्भीक रूप से आप तक पहुँचाने का प्रयास करते हैं।

यह मंच उन सवालों की आवाज़ है जो अक्सर दबा दिए जाते हैं, उन मुद्दों का आईना है जिन्हें नजरअंदाज कर दिया जाता है, और उन आम लोगों का प्रतिनिधि है जिनकी बात सत्ता के गलियारों तक नहीं पहुँच पाती।

पब्लिक की बात — क्योंकि सवाल पूछना और सच दिखाना लोकतंत्र की ताकत है।

Click to Un-Mute
WhatsApp icon
Public Ki Baat
Contact us!
Phone icon
Public Ki Baat