राजधानी पटना के प्रतिष्ठित पारस अस्पताल में मंगलवार को दिनदहाड़े हुए एक बेखौफ मर्डर ने राज्य की कानून-व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। इस हत्या के बाद घटनास्थल पर पहुंचे पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव को पुलिस ने अस्पताल के अंदर जाने से रोक दिया। इस पर सांसद और पुलिसकर्मियों के बीच हल्की बहस भी देखने को मिली।
🔴 क्या है पूरा मामला?
पुलिस के अनुसार, चंदन मिश्रा, जो कि बक्सर जिले के सोनबरसा गांव का निवासी था, पैरोल पर जेल से बाहर आया था और इलाज के लिए पटना के पारस अस्पताल पहुंचा था। उसी दौरान, सुबह 5 की संख्या में आए हथियारबंद अपराधियों ने आईसीयू में घुसकर उसे गोली मार दी। घटना के बाद अपराधी फरार हो गए। अस्पताल और आसपास के इलाके में संगीन दहशत फैल गई।
👮♂️ पुलिस ने रोका सांसद को
हत्या की जानकारी मिलते ही सांसद पप्पू यादव अस्पताल पहुंचे, लेकिन पुलिस ने उन्हें अस्पताल के भीतर प्रवेश नहीं करने दिया। पप्पू यादव और पुलिसकर्मियों के बीच कहासुनी भी हुई।
बाद में मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा:
“बिहार में कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। कोई सुरक्षित नहीं है। मैं राज्यपाल से मिलकर राष्ट्रपति शासन की मांग करूंगा।”
🗣️ राजनीतिक बयानबाज़ी तेज
घटना को लेकर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा:
“अपराधियों ने मरीज को ICU में घुसकर गोली मारी। बिहार में कोई सुरक्षित नहीं है। ये वही हालात हैं जो 2005 से पहले होते थे।”
वहीं, बिहार कांग्रेस ने सोशल मीडिया पर तंज कसते हुए लिखा:
“अब अपराध इतना ‘स्वस्थ’ हो गया है कि अस्पताल तक पहुंच गया है। कानून-व्यवस्था सिर्फ प्रेस कॉन्फ्रेंस तक सीमित है।”
📢 सरकार की प्रतिक्रिया
उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने इस घटना को “गंभीर और दुर्भाग्यपूर्ण” बताते हुए कहा:
“दोषियों को जल्द गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
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